आँखों आँखों में (धुन के साथ)

0:00 / 0:00
आँखों आँखों में

आँखों आँखों में
कह दी दिल की बात,
पर वो नासमझ
न समझे इशारे,
है दिल बेकरार|

जानूँ करता प्यार वो मुझसे
फिर भी, होठों पर रहता इंकार|
आँखों से उसकी हो जाऊँ अगर दूर,
ढूंढें वो मुझको होकर मजबूर|

आँखों आँखों में
कह दी दिल की बात,
पर वो नासमझ
न समझे इशारे,
है दिल बेकरार|

क्या मैं करूँ,
वो कर ले अब तो इकरार|
हार गयी मैं अब तो,
कब तक करूँ मैं इंतज़ार?

आँखों आँखों में
कह दी दिल की बात,
पर वो नासमझ
न समझे इशारे,
है दिल बेकरार|

ख़ामोशी ने तो कर लिया इकरार,
जुबां से भी बोल दो एक बार,
करते हो तुम,
मुझसे ही प्यार |

आँखों आँखों में ,
कह दी दिल की बात |
आँखों आँखों में |

BEHIND THE SCENES

आँखों -आँखों में अक्सर प्रेमी -प्रेमिका बात करते हैं  ,लेकिन यह गाना मैंने पति -पत्नी को समर्पित किया है |

पति -पत्नी जीवन के हर सुख – दुःख में एक -दूसरे का साथ निभाते हैं | कई बार बिना कुछ कहे ही एक -दूसरे की भावनाएँ समझ जाते हैं | लेकिन कभी – कभी सिर्फ़ आँखों की भाषा काफ़ी नहीं होती |

जब प्यार का इज़हार शब्दों में नहीं होता ,तो गलतफहमियाँ जन्म ले सकती हैं |

इसलिए अपने जीवनसाथी से खुलकर बात कीजिए | उन्हें यह भी बताइए कि वे आपके लिए कितने मायने रखते हैं | क्योंकि आँखों -आँखों में सब समझ तो जाते हैं ,पर प्यार ज़ुबान से कहना भी उतना ज़रूरी है |

यह गाना भावनाओं को खूबसूरती से व्यक्त करता है और एक सकारात्मक संदेश भी देता है |